साहिबजादों की शहादत अदम्य साहस का प्रतीक
चारों साहिबजादों की स्मृति में बनाई गई मानव श्रृंखला
नगर निगम आगरा में आयोजित किया गया कार्यक्रम
गुरु का ताल गुरुद्वारे के युवाओं ने किया गतका प्रदर्शन
आगरा। गुरु गोविन्द सिंह महाराज के साहिबजादों और माता गुजरी कौर की शहा दत की स्मृति में सोमवार को श्रद्धा और भक्ति का समागम देखने को मिला। नगर निगम परिसर में पंजाबी विरासत के तत्वावधान में चारों साहिबजादों की शहादत की याद में मानव श्रृंखला बनाई गई। इसमें बडी संख्या में शहर के स्कूलों के बच्चों ने भाग लिया। गुरुद्वारा गुरु का ताल के अखाडे के युवाओं द्वारा गतका प्रदर्शन में युद्ध कौशल और सिखों के शौर्य के जौहर दिखाए गए। मुख्य अतिथि महापौर हेमलता दिवाकर रहीं।
पंजाबी विरासत के तत्वावधान में लगातार सातवीं बार नगर निगम आगरा परिसर में बनाई गई मानव श्रृंखला में शहर के कई स्कूलों के छात्र-छात्राओं ने भाग लिया। इस दौरान बच्चों को चार साहिबजादों बाबा अजीत सिंह, बाबा जुझार सिंह, बाबा जोरावर सिंह और बाबा फतेह सिंह के अद्भुत शौर्य, बलिदान और गौरवशाली इति हास के बारे में जानकारी दी गई। वक्ताओं ने बताया कि किस प्रकार इतनी कम उम्र में भी चारों साहिबजादों ने अत्याचार के सामने झुकने के बजाय धर्म और सत्य की रक्षा के लिए सर्वोच्च बलिदान दिया।
नगर निगम आगरा और पीके अरोड़ा चैरिटेबल ट्रस्ट के सहयोग से आयोजित कार्यक्रम में चार साहिबजादों की स्मृति में सात से नौ वर्ष के बच्चों को सम्मानित किया जाएगा। यह सम्मान पंजाबी विरासत परिवार से जुड़े पंजाबी, सिख, खत्री, बहावलपुरी और मुल्तानी समाज के बालक-बालिकाओं को प्रदान किया जाएगा। पंजाबी विरासत के पदाधिकारियों ने बताया कि इस आयोजन का मकसद बच्चों में वीरता, त्याग, संस्कार और ऐतिहासिक चेतना का विकास करना है। ताकि वे अपने गौरवशाली अतीत से प्रेरणा ले सकें। इस दौरान महापौर हेमलता दिवाकर, अपर नगर आयुक्त सहित नगर निगम के सभी अधिकारियों के साथ ही बडी संख्या में पंजाबी विरासत और सिख समाज से जुडे लोग मौजूद रहे।


