गुम हुए सैकडों मोबाइल रेलवे पुलिस ने खोज निकाले
जीआरपी आगरा कैंट ने 567 मोबाइल बरामद कर लौटाई लोगों की मुस्कान
बरामद मोबाइलों की कीमत सवा करोड, सर्विलांस टीम की मदद से मिले फोन
आगरा। मोबाइल के बिना आज के दौर में हर शख्स अधूरा है। ऐसे में किसी का मोबाइल गुम हो जाए या चोरी हो जाए तो ऐसा लगता है जैसे किसी ने उसके जीवन से जुड़ी महत्वपूर्ण वस्तु उससे दूर कर दी है। ऐसे ही रेल सफर के दौरान चोरी और गुम हुए मोबाइल लौटाने का सिलसिला जारी रखते हुए जीआरपी आगरा कैंट ने 567 मोबाइल बरामद किए। रेलवे पुलिस ने पिछले छह माह में चोरी व गुम इन मोबाइलों को पाकर उन लोगों के चेहरे पर मुस्कान ला दी जो उम्मीद छोड चुके थे। बरामद मोबाइलों की कीमत सवा करोड रुपये है।
पुलिस अधीक्षक रेलवे आगरा के निर्देशन और पुलिस उपाधीक्षक रेलवे आगरा- इटावा के नेतृत्व में ट्रेनों और रेलवे स्टेशनों पर गुम हुये मोबाइल को सर्विलांस और थानों की गठित की गईं संयुक्त पुलिस टीमों द्वारा प्रदेश के विभिन्न जिलो और राज्यों से बरामद किया गया।
पुलिस अधीक्षक रेलवे ने बताया कि मई से लेकर नवम्बर के बीच जीआरपी आगरा कैंट 89, आगरा फोर्ट-30, मथुरा-181, अलीगढ़-115, टूण्डला-55, फिरोजाबाद-17, इटावा-28, कासगंज-37, फर्रुखाबाद-8, मैनपुरी-5, हाथरस सिटी-2 सहित कुल 567 मोबाइल फोनों की बरामदगी की गई। बरामद मोबाइल फोनों में अधिकांश आईफोन, सैमसंग, वनप्लस, नथिंग, ओपो, बीबो जैसे ब्रांडेड कम्पनियों के हैं। बरामद मोबाइलों की कीमतएक करोड़ चैबीस लाख चैहत्तर हजार रूपये है। बरामद मोबाइलों को पुलिस अधीक्षक रेलवे ने गुरुवार को उनके स्वामियों को बुलाकर सुपुर्द किये। जबकि अन्य बरामद मोबाइल फोन थानावार वितरित किये जायेगे। अपने-अपने मोबाइल पाकर सभी मोबाइल स्वामियों ने रेलवे पुलिस का आभार जताया। पुलिस अधीक्षक रेलवे ने सर्विलास टीम को 10 हजार रुपये के नगद पुरुस्कार दिया।

सर्विलास पुलिस टीम में उप निरीक्षक दीपक कुमार मिश्रा प्रभारी सर्विलांस टीम आगरा, हैड कांस्टेबिल अंकुर मिश्रा,योगेन्द्र कटारा, महेन्द्र कुमार, विजयपाल सिंह, अनूप कुमार सभी मीडिया सेल जीआरपी आगरा शामिल हैं।


