गुजरात में मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल को छोड़कर सभी मंत्रियों ने आखिर क्यों दिया इस्तीफा?
गांधीनगर। गुजरात में गुरुवार को हुए अहम राजनीतिक घटनाक्रम में मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल को छोडकर सभी मंत्रियों ने कैबिनेट से इस्तीफा दे दिया है। शुक्रवार को भूपेंद्र पटेल कैबिनेट का विस्तार होना है। नए मंत्रियों को शपथ दिलाई जाएगी। माना जा रहा है कि भाजपा जातीय और क्षेत्रीय समीकरणों को ध्यान में रखकर ही नए मंत्रियों का चुनाव करेगी।
खबरों के मुताबिक कई नए विधायकों को मंत्री बनाया जा सकता है। जबकि पिछली कैबिनेट में मंत्री रहे नेताओं को प्रमोशन दिया जा सकता है। इस तरह की चर्चा है कि जीतू वघानी, रीवाबा जडेजा और जयेश रादडिया को मंत्रिमंडल में शामिल किया जा सकता है। मंत्रिमंडल विस्तार को देखते हुए ही राज्यपाल का शुक्रवार को मुंबई का दौरा रद्द कर दिया गया है।
इन नेताओं को मिलेगा मंत्री बनने का मौका
भाजपा के एक वरिष्ठ नेता के मुताबिक मंत्रिपरिषद विस्तार में 10 नेताओं को मंत्री बनने का मौका मिल सकता है। वहीं पिछली कैबिनेट में रहे मंत्रियों को हटाया जा सकता है। गुजरात की मंत्रिपरिषद में मुख्यमंत्री पटेल सहित 17 मंत्री थे। आठ कैबिनेट स्तर के और इतने ही राज्य मंत्री थे। गुजरात की विधानसभा में 182 विधायक हैं। नियमों के मुताबिक, सदन की कुल संख्या का 15 प्रतिशत या 27 मंत्री हो सकते हैं। गुजरात सरकार में राज्य मंत्री जगदीश विश्वकर्मा को इस महीने की शुरुआत में केंद्रीय मंत्री सीआर पाटिल की जगह भाजपा का प्रदेश अध्यक्ष बनाया गया था। भूपेंद्र पटेल ने 12 दिसंबर, 2022 को गुजरात के मुख्यमंत्री के रूप में दूसरी बार शपथ ली थी।
