महिलाओं ने ठेके पर उतारा गुस्सा, तोडी शराब की बोतलें
आगरा के सैंया क्षेत्र का मामला, ठेके में घुसकर पेटियां सड़क पर फेंकीं
महिलाएं बोलीं ठेके पर शराबियों की फब्तियों से निकलना हुआ दुश्वार
सुबह से ठेके पर आ जाते हैं पति, नशे में घरों में करते हैं झगडा
आगरा। सैंया क्षेत्र में गांव विरहरु में शुक्रवार को आक्रोशित महिलाओं ने देसी शराब के ठेके पर हमला बोल जमकर तोड़फोड़ की। सभी महिलाएं घूंघट में थीं। महिलाओं ने ठेके के अंदर से शराब की बोतलें निकालीं और बाहर फेंक कर लाठियों से तहस-नहस कर दीं। महिलाओं के साथ बच्चे भी थे। घंटों बाद पहुंची पुलिस ने किसी तरह मामले को संभाला।
विरहरु में गांव के बाहर देसी शराब का ठेका है। यहां शुक्रवार दोपहर करीब 1 बजे गांव की सैकडों महिलाएं लाठी-डंडे लेकर पहुंचीं और ठेके के अंदर घुस गईं। सभी महिलाएं सभी महिलाएं घूंघट में थीं। उन्होंने ठेके में तोड़फोड़ शुरू कर दी। महिलाओं ने ठेके के अंदर रखी शराब की पेटियां निकाल कर सड़क पर पटक दीं। इसके बाद लाठी-डंडों से बोतलों को तहस-नहस कर दिया। करीब आधे घंटे तक महिलाएं शराब बोतलों के साथ ठेके पर अपना गुस्सा उतारती रहीं। इस दौरान वहां लोगों की भीड़ लग गई। लोगों ने महिलाओं को रोकने का प्रयास किया, लेकिन वो नहीं मानीं। ठेके के आसपास कांच ही कांच बिखरा पडा था। सूचना पर सैंया पुलिस के साथ ही डीसीपी पश्चिम भी मौके पर पहुंचे और किसी तरह महिलाओं को समझा-बुझाकर शांत कराया।
महिलाओं का कहना था कि ठेके के सामने शराब पीने वाले लोग गाली-गलौज करते हैं। आने-जाने वाली महिलाओं और लड़कियों पर फब्तियां कसते हैं। उनके पति भी सुबह से ही यहां आ जाते है। शराब पीने के बाद रात में घर पर झगड़ा करते है। इसलिए आज किस्सा ही खत्म कर दिया। ठेका संचालक शिवा चाहर ने बताया कि करीब 5 लाख रुपए का नुकसान हुआ है। इस दौरान इलाके में बड़ी संख्या में लोग जमा हो गए और माहौल तनावपूर्ण हो गया।
डीसीपी अतुल शर्मा ने महिलाओं और ठेके के मालिक की आपस में बातचीत कराई। इसके बाद स्थिति शांत हो पाई। इलाके में पुलिस फोर्स बढ़ा दी गई है। वहीं महिलाओं का कहना है कि ठेके के चलते गांव का माहौल खराब हो रहा है। हमारे पति सुबह से ही ठेके पर आकर शराब पीने लगते हैं। काम पर भी नहीं जाते। इससे हम लोगों में नाराजगी है।


