दिल्ली और लखनऊ की लड़ाई यहां तक…सीएम योगी दो नमूने वाले कटाक्ष पर अखिलेश यादव का पलटवार
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ बोले, देश में दो नमूने, एक दिल्ली, दूसरा लखनऊ में
अखिलेश ने कहा, यह आत्मस्वीकृति, भाजपा की आपसी खींचतान चैराहे पर न लाएं
लखनऊ। यूपी विधानमंडल के शीतकालीन सत्र के दूसरे दिन प्रश्नकाल के दौरान सीएम योगी ने कफ सिरप मामले में सपा के आरोपों पर कहा, प्रश्न क्या है, मुद्दे क्या उठाए जा रहे हैं। पूरा अध्ययन करके आना चाहिए। नेता प्रतिपक्ष ने कोडीन के मुद्दे को उठाया है, लेकिन मैं आपकी इस मजबूरी को समझता हूं। एक कहावत है चोर की दाढ़ी में तिनका। उन्होंने नाम लिए बिना कहाकि देश के अंदर दो नमूने हैं, एक दिल्ली में और एक लखनऊ में बैठते हैं। जब देश में कोई चर्चा होती है तो वो देश छोड़कर चले जाते हैं। मुझे लगता है कि यही आपके बउआ के साथ भी होता है। वह फिर इंग्लैंड सैर सपाटे पर चले जाएंगे और आप यहां चिल्लाते रहेंगे।
मुख्यमंत्री योगी के बयान के 40 मिनट बाद ही अखिलेश ने पलटवार किया। एक्स पर लिखा-आत्म-स्वीकृति… किसी को उम्मीद नहीं थी कि दिल्ली-लखनऊ की लड़ाई यहां तक पहुंच जाएगी। संवैधानिक पदों पर बैठे लोग मर्यादा की सीमा न लांघें। भाजपाई अपनी पार्टी के अंदर की खींचातानी को चैराहे पर न लाएं।
इससे पहले योगी ने कहाकि प्रदेश में कोडीन कफ सिरप से कोई मौत नहीं हुई है। 2016 में इसके सबसे बड़े होल सेलर को सपा ने ही लाइसेंस दिया था। पढ़ाई- लिखाई से आपका कोई वास्ता है नहीं, इस कारण आप इस तरह की बात करते हैं। अखिलेश के सिरप माफियाओं पर बुलडोजर चलाने के चैलेंज पर कहाकि चिंता मत कीजिए। समय आने पर बुलडोजर एक्शन भी होगा। उस समय चिल्लाना नहीं।
कोडिन कफ सिरप मामले पर योगी ने कहाकि विभोर राणा को लाइसेंस समाजवादी पार्टी ने दिया था। आलोक सिपाही (इस मामले में एक आरोपी) की अखिलेश के साथ कुछ गिफ्ट देते हुए तस्वीरें वायरल हुई थीं। हमने एनडीपीएस एक्ट के तहत कार्रवाई की है। हमारी कार्रवाई अभी भी जारी है। हमने अब तक 77 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। किसी को बख्शा नहीं जाएगा।
योगी ने विपक्ष से कहा-मैं आपका दर्द समझता हूं। क्योंकि जब सरकार की कार्रवाई अपने आखिरी स्टेज पर पहुंचेगी तो आप में से कई लोग फातिहा पढ़ने जाएंगे। हम आपको ऐसी हालत में भी नहीं छोड़ेंगे कि आप फातिहा पढ़ सकें। हम ऐसी ही कार्रवाई करेंगे।
इसके बाद नेता प्रतिपक्ष माता प्रसाद पांडेय खड़े हुए। उन्होंने कहाकि सीएम सदन के सम्मानित नेता हैं, लेकिन उनकी वाणी देखिए। आपने कहाकि दो नमूने हैं- एक अखिलेश और दूसरा राहुल गांधी। इस पर विधानसभा अध्यक्ष सतीश महाना ने कहाकि सीएम ने किसी का नाम नहीं लिया है, आप क्यों खुद पर ले रहे हैं। यह सुनते ही सपा विधायक हंगामा करने लगे। समझाने पर भी नहीं माने तो सतीश महाना ने कहाकि एक आदमी नारा लगा रहा था। आप गलत बयानी कर रहे हैं। आप कह रहे हैं कि सैकड़ों मौतें हुई तो नाम बताइए। इसके बाद सपा ने वॉकआउट कर लिया।
